Friday, January 13, 2012

बस यूँ ही आज तेरी याद आ गई..

बस यूँ ही आज तेरी याद आ गई,
तेरी याद आकर आँखें छलका गई..
खामोश है समा, सब सो रहे हैं,
तेरी याद आकर मेरी नींद ले गई..
बस यूँ ही तेरी याद आ गई!

कहने को तो हर लम्हा तेरा ख्याल है,
पर आज का चाँद बेमिसाल है..
उस दिन का चाँद भी याद है मुझे,
गुलाबी हुआ था देख वो तुझे..
देख उस चाँद को तारों की जमात भी धोखा खा गई,
बस यूँ ही तेरी याद आ गई..

No comments: